डॉ. वैदिक बोले-अपनी अम्मा पर कौन हाथ डालेगा?


डॉ. वेद प्रताप वैदिक
वरिष्ठ पत्रकार ।।
अपनी अम्मा पर कौन हाथ डालेगा?
बरमूदा से निकले पेरेडाइज पेपर्स’, अब पनामा पेपर्स से भी ज्यादा धूम मचा रहे हैं। इन पेपरों से पता चलता है कि भारत के कई मुख्यमंत्रियोंमंत्रियोंसांसदोंडॉक्टरोंअभिनेताओंनौकरशाहों और व्यापारियों ने अपना काला धन वहां छिपा रखा था। उनकी सोहबत वहां मामूली लोगों से नहीं थी।
ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथरुस के राष्ट्रपति पुतिन और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के रिश्तेदारोंकनाडा आदि कई देशों के बड़े नामी-गिरामी लोगों की सोहबत से हमारी ये विभूतियां सुशोभित हैं। इनके नाम ज्यों ही इंडियन एक्सप्रेस’ ने प्रकट किएहमारी सरकार ने गजब की मुस्तैदी दिखाई। कुछ ही घंटों में पेरेडाइज़’ पेपर्स’ की जांच की घोषणा कर दी। 714 नाम इसमें भारतीयों के हैं। लेकिन मैं कहता हूं कि जिन लोगों या कंपनियों के नाम उजागर हुए हैंउन्हें बिल्कुल भी चिंता करने की जरुरत नहीं है। इसके कई कारण हैं।
पहलाबदनाम होंगे तो क्या नाम न होगाइसी भांडाफोड़ के कारण कई अज्ञात कुल-शील कंपनियों और व्यक्तियों के नाम टीवी चैनलों और अखबारों में चमक रहे हैं।
दूसराइन खातों का भांडाफोड़ करने वाले पत्रकारों ने खुद ही कहा है कि हर खातेधारी को हम अपराधी नहीं मानते हैं याने कुछ खाते कानूनों का उल्लंघन नहीं भी करते होंगे।
तीसराइन खातों की जांच करने वाले कौन हैंजो जुर्म करने वाले हैंवही जांच करने वाले हैं। इन खातों में जो काला या सफेद धन छिपाकर रखा जाता हैवह किसके काम आता हैइसी धन से नेताओं की दुकानें चलती हैंचुनाव लड़े जाते हैंरिश्वतें खिलाई जाती हैंगुप्त अपराध करवाए जाते हैं। यह धन हमारी राजनीति की अम्मा है। भलाये नेता अपनी अम्मा पर हाथ कैसे डालेंगेकांग्रेसी नेता कह रहे हैं कि भाजपा के जिन नेताओं और उनके रिश्तेदारों के नाम पेरेडाइज पेपर्स’ में आ रहे हैंवे इस्तीफा दें। क्या खूबलेकिन जिन कांग्रेसियों के नाम इसमें हैंवे क्या करेंक्या वे जहर खा लेंआत्महत्या कर लें। कोई कुछ न करने वाला है और न ही कुछ होने वाला है। सब चोर-चोर मौसेरे भाई हैं।
सर्वज्ञजी की सरकार को साढ़े तीन साल हो गए। वह भ्रष्टाचार-विरोध पर बनी थी। क्या उसने एक भी भ्रष्टाचारी को अभी तक लटकायातो अब वह डेढ़ साल में कौन सा बरगद उखाड़ लेगीसाल भर उठक-बैठक लगाई और उसने पनामा पेपर्स में सिर्फ 792 करोड़ का तथाकथित काला धन अंदाजन पकड़ा है जबकि चुनाव अभियान के दौरान दावा यह किया जाता था कि कम से कम चार लाख करोड़ रु. का काला धन विदेशों में जमा है। काला धन तो जहां का तहां है। सफेद धन और सफेद जीवन वाले लोग फिजूल मारे गए।
Sabhar- Samachar4media.com

डॉ. वैदिक बोले-अपनी अम्मा पर कौन हाथ डालेगा? डॉ. वैदिक बोले-अपनी अम्मा पर कौन हाथ डालेगा? Reviewed by Sushil Gangwar on November 13, 2017 Rating: 5

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